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एमिटी विश्वविद्यालय के इंस्पायर इंटर्नशिप प्रोग्राम 2017 में जुटे नामचीन वैज्ञानिक

एमिटी विश्वविद्यालय के इंस्पायर इंटर्नशिप प्रोग्राम 2017 में जुटे नामचीन वैज्ञानिक
ग्वालियर (सुनील गोयल)। एमिटी विश्वविद्यालय तथा भारत सरकार का डिपार्टमेंट ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी के संयुक्त तत्वावधान में पांच दिवसीय इंस्पायर इंटर्नशिप प्रोग्राम 2017 की शुरूआत करते हुए एमिटी के वाइस चॉसलर लेफ्टिनेंट जनरल वी.के.शर्मा एवीएसएम ने कहा कि किसी भी देश की ताकत का आंकलन उसकी ज्ञान की ताकत और उत्पादन के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता से किया जाता है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील करते हुए अनुरोध किया कि जरूरत इस बात की है कि आम लोगो के कल्याण पर शोध केंद्रित कर बुनियादी सुविधाएं मुहैय्या कराने की दिशा में बढ़ते हुए राष्ट्रनिर्माण में सक्रीय भूमिका निभाएं। इस कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि अपने विचार व्यक्त करते हुए ख्यातनाम वैज्ञानिक प्रो.जी.पी.एस.राघव, मुख्य वैज्ञानिक एवं विभागाध्यक्ष बॉयोइंफोर्मेटिक्स सेंटर आईएमटेक,चंडीगढ़ ने कहा कि चिकित्सा के क्षेत्र में अब मरीज को उसके एंजाइम के आंकलन के बाद अनुरूप दवाएं दी जाने लगी हैं। उन्होंने बताया कि नई विधि और डाटा इंटेसिव रिसर्च तकनीक के तहत किसी के जीनोम की सही जानकारी होने पर उसे सटीक दवा देकर रोग का निदान किया जा सकता है। इस कार्यक्रम में एमिटी के प्रो—वाइस चॉसलर प्रोफेसर डॉ.एम.पी.कौशिक, डीन रिसर्च प्रो.एस.पी.वाजपेई एवं कार्यक्रम के मुख्य समन्वयक एमिटी स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एवं टेक्नोलॉजी के निदेशक डॉ अनिल वशिष्ठ सहित कई अधिकारी व स्कूलों के वरीयता प्राप्त विद्यार्थी मौजूद थे।
इंस्पायर इंटर्नशिप प्रोग्राम 2017 के तहत टी.आई.एफ.आर. मुंबई के प्रिंसिपल इन्वेस्टीगेटर नैनो कटैलिसीस लैब. विभाग के डॉ विवेक पोल्शेट्टीवर ‘नैनो मैटेरियल्स फॉर एनर्जी,एनवायरमेंट एंड हेल्थÓ विषय पर विचार व्यक्त किए और जलवायु परिवर्तन समस्या सहित नैनोटेक्नोलॉजी और नैनो मेटेरियल के इस्तेमाल से प्राकृतिक संसाधनों की दक्षता बढ़ाने की तकनीक साझा किया। सत्र को आगे बढ़ाते हुए आई.आई.टी.कानपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग के डॉ.अविनाश कुमार अग्रवाल विद्यार्थियों को परिवहन के महत्व के बारे में चर्चा की। इस विशेष चर्चा में परिवहन के माध्यम से व्यापार और सभ्यता के विकास के आयामों और 19वीं सदी के दौर से परिवहन के बदले परिप्रेक्ष्य के फलस्वरूप औद्योगिक क्रांति को रेखांकित करते हुए डॉ.अविनाश भाप इंजन, आंतरिक दहन, जेट इंजन, जीवाश्म ईंधन और हाईड्रोजन ईंधन यानि उर्जा व ईंधन के क्षेत्र में नव अविष्कारों व नवप्रयोगों से भी विद्यार्थियों को अवगत कराया । सत्र को आगे बढ़ाते हुए एमिटी विवि ग्वालियर के आर्किटेक्चर विभाग के प्रो.ऋषि राजकपूर इग्नाइटिंग द माइंड्स फॉर इनोवेटिव आइडियाज़ विषय पर व्याख्यान देंते हुए विद्यार्थियों को नव प्रयोगों और विचारों के लिए प्रेरित किया ।

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